Party

The Indian National Congress represents the progressive soul of India. This soul defines who we are a Nation. The Indian National Congress (About this sound pronunciation ) (INC, often called the Congress Party or simply Congress) is a political party in India with widespread roots. Founded in 1885, it was the first modern nationalist movement to emerge in the British Empire in Asia and Africa. From the late 19th century, and especially after 1920, under the leadership of Mahatma Gandhi, Congress became the principal leader of the Indian independence movement. Congress led India to independence from Great Britain, and powerfully influenced other anti-colonial nationalist movements in the British Empire.
Congress is a secular party whose social democratic platform is generally considered to be on the centre-left of Indian politics. Congress' social policy is based upon the Gandhian principle of Sarvodaya—the lifting up of all sections of society—which involves the improvement of the lives of economically underprivileged and socially marginalised people. The party primarily endorses social democracy—seeking to balance individual liberty and social justice, welfare and secularism. Its constitution states democratic socialism to be its ideal.

कांग्रेस पार्टी में क्यों शामिल हुआ ?

सन् 2003 में मैंने इंडियन जस्टिस पार्टी बनाई जिसका मुख्य उद्देश्य जातिविहीन समाज और समान शिक्षा था | मैं समझ नहीं पा रहा था कि क्या यह मेरी गलती थी या समाज की | चुनाव में मुद्दे तो होते ही नहीं हैं इसलिए मैं लोगों के उपर छोड़ देता हूँ कि किसकी गलती थी | 2009 के चुनाव के बाद कार्यकर्ता थकने लगे थे | थकना वाजिब भी था क्योंकि उनको दूर- दूर तक आशा की कोई किरण नजर नहीं आ रही थी, फिर भी इंडियन जस्टिस पार्टी चलाते रहे | धन का अभाव का होना स्वाभाविक था क्योंकि लोग उन्हीं को चंदा देते हैं जिनसे कुछ राजनैतिक लाभ मिलने की उम्मीद होती है | कुछ लोग अवैध काम करके भी पैसा जुटा लेते हैं जो हम नहीं कर सकते थे | 2010-11 में कोशिश किया कि कांग्रेस अध्यक्षा श्रीमती सोनिया गाँधी से मिला जाए परन्तु मुलाकात संभव नही हो पायी | मेरे उपर यह भी दबाव रहा कि मैं बहुजन समाज पार्टी में शामिल होकर के काम करूँ | लगभग 3 साल इंतजार किया, लेकिन जिन लोगों ने सुझाव दिया था कि सुश्री मायावती के नेतृत्व में काम करने का, उनकी हिम्मत ही नही हुई कि मेरी मुलाकात उनसे करवा सकें| ऐसे में मेरे पास संसद में पहुंचने का कोई विकल्प नहीं था सिवाए भारतीय जनता पार्टी का प्रस्ताव स्वीकार करके | 24 फरवरी 2014 को भाजपा में शामिल हुआ और सांसद पहुँचा | सत्ता पक्ष में रहकर जितना मैंने ग़रीबों , दलितों, पिछड़ों एवं महिलाओं के लिए बात उठाई उतना तो विपक्ष के लोग भी न कर सके | राहुल गांधी जी से मेरे पहले भी सम्बन्ध थे और संसद में दो- तीन बार उन्होंने कहा भी कि मैं गलत पार्टी में हूँ | मैं व्यक्तिगत तौर से स्वीकार भी करता था लेकिन यह भी कहता था कि इसके लिए मैं खुद भी जिम्मेदार नहीं था|
भारतीय जनता पार्टी में शामिल होते समय मेरे और उनके बीच इकरारनामा था | यह इकरारनामा उस समय का था जब पार्टी सत्ता में नहीं आ पायी थी और उसके बाद धोखा दिया | इससे मैं लगातार बे-चैन रहता था | कांग्रेस को मैं हमेशा पसंद करता रहा | 24 अप्रैल 2019 में राहुल गाँधी जी से मिलने गया | सोचा नहीं था कि शामिल होने का फैसला उसी समय हो जाएगा लेकिन जिस तरह से राहुल जी ने मुझ में विश्वास रखा , बिना शर्त शामिल हो गया | चुनाव का दौर चल रहा था और राहुल जी और प्रियंका जी दोनों ने लोकसभा का चुनाव लड़ने के लिए पूछा मगर मैंने मना कर दिया | कांग्रेस पार्टी ही ऐसी पार्टी है जो सभी वर्गों के हितों का प्रतिनिधित्व करती है देश में जो भी विकास हो सका उसमें प्रमुख भूमिका कांग्रेस की सरकारों का ही रही है | संविधान एवं धर्म- निरपेक्षता के सिद्धांत को कांग्रेस ने ही भली - भाँति निभाया है |